
नई दिल्ली,
5 फरवरी।
सरकार ने सट्टेबाजी, जुए (गैंबलिंग) और अनधिकृत रूप से कर्ज देने में शामिल होने के आरोपों में चीन सहित विदेशी इकाइयों की ओर से संचालित 232 ऐप को प्रतिबंधित कर दिया है। इलेक्ट्रानिक और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (मेइटी) ने गृह मंत्रालय के निर्देशों के बाद इन ऐप को प्रतिबंधित करने का आदेश जारी किया है। एक अधिकारी ने बताया कि सट्टेबाजी, जुए और धनशोधन में शामिल 138 ऐप को प्रतिबंधित करने का आदेश शनिवार शाम को जारी किया गया था।केंद्र सरकार ने दिया 232 ऐप पर प्रतिबंध लगाने का निर्देश शामिल 94 ऐप को प्रतिबंधित करने का आदेश भी जारी किया गया है। ये ऐप चीन सहित विदेशी इकाइयों द्वारा संचालित किए जा रहे थे। ये देश की आर्थिक स्थिरता के लिए
खतरा पैदा कर रहे थे। अधिकारी ने प्रतिबंधित किए गए ऐप के नाम नहीं बताए ।
सूत्रों के मुताबिक इन ऐप के माध्यम से पहले लोगों को कर्ज लेने का लालचदिया जाता है और फिर सालाना 3,000 फीसद तक ब्याज बढ़ाकर अपने जाल में फंसा दिया जाता है। इसके बाद जब कर्जदार अपना ॠटा नहीं चुका पाता है तो ऐप का प्रतिनिधित्व करने वाले लोग कर्जदार को तरह-तरह से प्रताड़ित करते हैं।
इसके कारण कई कजंदार आत्महत्या कर चुके हैं। (जनसत्ता sabhar)

