उ.प्र.के राम-राज्य में ब्राह्मण मां बेटी जिंदा प्रशासन के सामने जलकर मर गई..

Share

अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान  हजारों साल की गरीबी का असर 
एसडीएम सहित 39 के खिलाफ प्राथमिकी
कानपुरKanpur Dehat: एक्शन में योगी, 11 पर हत्या का केस दर्ज, लेखपाल,एसडीएम

पहले कभी इतनी दुर्दांत घटनाएं जब होती थी तो कोई ना कोई मंत्री इसके लिए इस्तीफा देता था अब भारतीय जनता पार्टी की राम राज्य सरकार में है तो अगर मां बेटियां अपनी हजारों साल की गरीबी वाले ब्राह्मण समाज में जन्म लेने के बाद आजाद भारत में जीने की चाह में कहीं कुछ कर लेती हैं तो उन्हें जीने का अधिकार खत्म हो जाता है, अपनी गरीबी के कारण ही शायद दीक्षित परिवार “तथाकथित आत्महत्या” की कल्पना किया रहा होगा अभी तक और इस तथाकथित अतिक्रमण हटाओ अभियान में अपनी झोपड़ी बचाने के चक्कर में उन्हें शासन और प्रशासन के लोगों ने जलाकर मार डाला ऐसा कहना भी गलत नहीं होगा| अगर यही काम कोई दलित के साथ हुआ होता पूरी राजनीति में हाहाकार मच गया होता ब्राह्मण है इसलिए उसे अपनी हजारों साल की गरीबी के परिणाम में जलकर मर ही जाना चाहिए…  इस दुर्घटना अब चाहे जितने भी पाखंड किए जाएं न्याय व्यवस्था के नाम पर किंतु सही बात यह है कि ब्राह्मण परिवार की हजारों साल की कहानियों में जीवित “गरीब ब्राह्मण” का कथानक आजाद भारत में मरने को विवश है… इसके बावजूद भी जब कभी संघ प्रमुख वर्ण व्यवस्था के लिए नफरत भरे भाषण देता है और एक जाति को टारगेट करता है तो ऐसे टारगेट किलिंग का यह भी एक कड़वा सच है.., ऐसा समझा जाना चाहिए| बहरहाल उसके परिवार को राहत का नाटक और प्रतिपूर्ति होती रहेगी किंतु सच्चाई यह है कि ब्राह्मण समाज को इस आजाद भारत में एक हिंदू,योगी,ऋषि,संत या जो भी कहे ऐसे मुख्यमंत्री के कार्यकाल में अपने वर्तमान सच को समझना चाहिए…

, 14 फरवरी (भाषा)।
कानपुर देहात के एक गांव में सोमवार को अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान मां-बेटी के कथित तौर पर आत्मदाह करने के मामले में उपजिलाधिकारी (एसडीएम), थानाध्यक्ष, चार लेखपालों, दस से ज्यादा पुलिसकर्मियों सहित 39बुलडोजर एक्शन के दौरान जिंदा जलीं मां-बेटी, डिप्टी CM ने परिजनों से की बात,  SDM सस्पेंड, लेखपाल अरेस्ट - Kanpur Dehat Mother daughter burnt alive  Relatives agreed to assurance ...
लोगों के खिलाफ मंगलवार को प्राथमिकी दर्ज की गई और लेखपाल समेत दो कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस अधीक्षक (कानपुर देहात) बीबीजीटीएस मूर्ति ने कहा कि अब तक लेखपाल अशोक सिंह और बुलडोजर चालक दीपक को TIO लेखपाल समेत दो कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है।  उन्होंने कहा कि दोनों को कानपुर देहात में गिरफ्तार किया गया। उपजिलाधिकारी (मैथा) ज्ञानेश्वर प्रसाद को निलंबित कर दिया गया है। पुलिस महानिरीक्षक ने बताया कि हत्या, हत्या के प्रयास के अलावा मवेशियों को मारने या अपंग करने, घर को नष्ट करने के इरादे से आग लगाने और जानबूझकर अपमान करने के आरोपों में प्राथमिकी दर्ज की गई है।

श्री कुमार ने बताया कि पीड़ितों के घर को गिराने में इस्तेमाल की गई जेसीबी को जब्त कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि पीड़ित परिवार के सदस्यों और ग्रामीणों ने मां-बेटी के शव को पोस्टमार्टम के लिए ले जाने से इनकार कर दिया। हालांकि, दोपहर में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक से फोन पर बात करने के बाद परिजन और लोग राजी हो गए और औपचारिकता के लिए शवों को पुलिस को सौंप दिया। उन्होंने पीड़ित परिवार के कम से कम दो सदस्यों को पांच करोड़ रुपए की अनुग्रह राशि और सरकारी नौकरी देने की भी मांग की है। कुमार ने यह भी बताया कि दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्णय लिया गया है, जिसमें स्टेशन अधिकारी (रूरा) दिनेश गौतम भी शामिल हैं, उन्हें जल्द ही निलंबित किया जा सकता है।
महानिरीक्षक ने समाजवादी पार्टी (सपा) के 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल को को मढौली गांव जाने से रोकने के बारे में न तो पुष्टि की और न ही खंडन किया। समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल का मंगलवार को पीड़ित परिवारों से मिलने जाने का कार्यक्रम था। सूत्रों ने बताया कि एक दर्जन से अधिक अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या और हत्या के प्रयास का मामला भी दर्ज किया गया है। पुलिस अधीक्षक (कानपुर देहात) बीबीजीटीएस मूर्ति ने संवाददाताओं को बताया कि विशाल दीक्षित ने पीड़ित प्रमिला दीक्षित के बेटे शिवम दीक्षित के खिलाफ ह्यग्राम समाजह की जमीन पर कब्जा करने की शिकायत की थी, इस अतिक्रमण को हटाने के लिए एसडीएम ज्ञानेश्वर प्रस- बाद के नेतृत्व में जिला प्रशासन की टीम वहां गई थी ।
नई एसपी ने कहा कि अतिक्रमण हटाया जा रहा था, तभी मां- बेटी ने आत्मदाह कर लिया। शिवम की शिकायत पर
एसडीएम (मैथा), जेसीबी चालक (दीपक), मदौली के लेखपाल अशोक सिंह, तीन अज्ञात लेखपाल, एक अज्ञात ,कानूनगो ( राजस्व अधिकारी), थाना प्रभारी (रूस) दिनेश कुमार गौतम तथा 12-15 और अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

सोमवार शाम कानपुर देहात जिले के रूरा थाना इलाके के मडौली गांव में अतिक्रमण विरोधी अभियान के दौरान सोमवार को एक अधेड़ उम्र की महिला और उसकी ने बेटी ने कथित तौर पर अपनी झोपड़ी में खुद को आग लगा ली, जिससे दोनों की मौत हो गई थी। एक अधिकारी ने सोमवार को बताया था कि पीड़ितों की पहचान प्रमिला दीक्षित (45) और उनकी बेटी नेहा दीक्षित (20) के रूप में हुई है, जिन्होंने ‘ग्राम समाज’ भूमि पर अतिक्रमण हटाने के लिए गए पुलिस, जिला प्रशासन और राजस्व टीम के सामने यह घातक कदम उठाया।     (समाचार स्रोत दैनिक जनसत्ता साभार)


Share

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe

राशिफल

- Advertisement -spot_img

Latest Articles