
शहडोल ।जिला अधिवक्ता संघ का एक अगस्त को होने वाला मतदान के पहले भ्रामक खबरें आने से मतदाताओं में असमंजस की स्थिति देखी जा रही है। सोशल मीडिया में फैलाए गए खबर में कहा गया है कि उच्च न्यायालय जबलपुर द्वारा जिला बार एसोसिएशन के चुनाव को कथित तौर पर स्थगित कर दिया गया है। किंतु स्थगन आदेश की प्रति नहीं बताई जा रही है। इस बात को लेकर उम्मीदवारों में ऊहापोह की स्थिति बनी हुई है। जिला अधिवक्ता संघ के चुनाव में तीन अध्यक्ष पद के प्रत्याशी राकेश सिंह बघेल, परिजात मिश्रा और राजेंद्र त्रिपाठी उम्मीदवार हैं साथ ही इस बार पूरी कार्यकारिणी में नए तरीके से होने वाले चार नए कार्यकारिणी के मेंबरों का चुनाव रोमांचकारी बन रहा था। जिसमें 7 उम्मीदवार खड़े थे। किंतु इस बात की अफवाह देर शाम फैलने से कि चुनाव स्थगित हो गया है,
अधिवक्ताओं में वातावरण काफी गर्म हो गया है। यह बात सही है कि कुछ असंतोसी जन उच्च न्यायालय ने में जिला बार एसोसिएशन के चुनाव में स्थगन लेने के लिए हाईकोर्ट के शरण में है। किंतु वास्तव में इस बात को पुष्ट रूप से नहीं कहा जा रहा कि क्या आदेश पारित हो गया है…. बाहर हाल “खानपान के दौर” के दौर में अधिवक्ता संघ का चुनाव काफी रोमांचकारी हो रहा था. देखना होगा कि कल होने वाले मतदान में हालात क्या नजर आते हैं… मतदान सुनिश्चित होकर नए अधिवक्ता संघ कार्य रूप में परिणित होगा या फिर कथित स्थगन इस प्रक्रिया पर अपना प्रभाव छोड़ेगा …? फिलहाल मतदान की गंभीरता पर विचार किया जा रहा है।
याचिकाकर्ता के विद्वान वकील का कहना है कि खंड 20 के संदर्भ में जिला बार एसोसिएशन, शहडोल (म.प्र.) का वार्षिक सामान्य गठन एसोसिएशन की बैठक सामान्यतः प्रथम पखवाड़े में आयोजित की जायेगी हर साल फरवरी. को कम से कम 10 दिन का नोटिस दिया जाएगा वार्षिक आम बैठक के सदस्य. मौजूदा मामले में नोटिस दिया गया था 20.07.2023 को और अगले ही दिन चुनाव के संबंध में अधिसूचनाबार एसोसिएशन की बैठक 01 को होनी थी
पहली अगस्त 2023। इसलिए, उक्त धारा का उल्लंघन है। 10 दिन का कोई स्पष्ट नोटिस नहीं है. इसलिए, चुनाव का संचालन ही कानूनन खराब है।
आगे के तर्क को देखते हुए कि प्रतिवादी नंबर 1 रहा है को रिटर्निंग ऑफिसर के रूप में नियुक्त किया गया है जिनके खिलाफ कई मामलों में एफआईआर हैआईपीसी के तहत अपराध, इसलिए, उन्हें नियुक्त नहीं किया जा सकता था
रिटर्निंग अधिकारी.
तर्कों पर विचार करने पर, प्रथम दृष्टया हमारा मानना है कि चुनाव का आह्वान जिला बार के संविधान के अनुरूप नहीं है एसोसिएशन, शहडोल (म.प्र.)। इसलिए की प्रक्रिया पर रोक रहेगी चुनाव जो 01 को होने वाला है

