
शहडोल
नगर में पिछले दिनों मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान आए थे जो उनका तथाकथित रूप से गोद लिया हुआ नगर है । जो तमाम चेतावनियों के बाद भी सड़क की गढ्ढो से प्रताड़ित है। कह सकते हैं बरसात है गड्ढे होते ही हैं लेकिन इनको ठीक करने की जिम्मेदारी के लिए शहडोल कमिश्नर राजीव शर्मा ने समय-समय पर पत्र जारी किए।उनके पत्र की हैसियत शहडोल के नागरिकों की औकात से ज्यादा नहीं थी, जिनके नसीब में शहडोल के गढ्ढे और यहां के तकलीफ है बनी हुई हैं। अगर नगर पालिका के द्वारा उच्च स्तर पर ठेकेदार और कमीशन का धंधा लाभप्रद नहीं होता तो सुबह-सुबह कचरा उठाने वाले छोटी-छोटी गाड़ियां गाना गाते हुए दिखाई नहीं देते… शहर की स्वच्छता का दवा नहीं करते…।क्योंकि इकट्ठा किया हुआ कचरा का निस्तारण कहां कैसे हो रहा है यह पारदर्शी नहीं है.. और कब दिल्ली के कचरे की पहाड़ की तरह जमीन के अंदर यह जमीन के बाहर एक बड़ा पहाड़ के रूप में शहडोल को दिखाने लगेगा कहा नहीं जा सकता है..?
बहरहाल हम चर्चा कर रहे थे शहडोल सड़क के बर्बाद हो चुकी तमाम सड़कों की
। इसमें एक मुख्य सड़क गुरु नानक चौक से कमिश्नर बंगले तक का है जो जगह-जगह से बड़े-बड़े गढ्ढों के रूप में विकसित हो गई है। वह इसलिए भी क्योंकि इसकी सतर्कता और जानकारी के लिए संबंधित पार्षद गण का एक भी पत्र या मांग इन सड़कों को ठीक करने के लिए अभी तक नगर पालिका परिषद में नहीं पहुंचा है। जब तक कोई बड़ी दुर्घटना इन सड़कों में नहीं हो जाती है इनकी सुधार की संभावना भी नहीं दिखती है।
वैसे मुख्यमंत्री पिछले दिनों नगर भ्रमण में 40 संस्थाओं के कथित अभिनंदन समारोह में अपनी आत्म-मुग्धता का प्रदर्शन किया ।निश्चित तौर पर करोड़ों रुपए इस पर अपव्यय भी किए गए होंगे। क्योंकि यह प्रदर्शन वोट-बैंक टटोलने का एक जरिया था। अगर यही पैसा इन सड़कों की ठीक करने में सही ढंग से लगाया गया होता तो संभव होता नगर को इस रोड पर कुछ राहत मिल जाता।
देखते है ऐसी सड़कों से संबंधित तमाम पार्षद अपनी नींद तोड़कर कब नगर पालिका का दरवाजा खटखटाएंगे फिलहाल बदनसीब नगर पालिका परिषद चुनाव की सट्टागिरी में कांग्रेस का जोकर फेंक कर नगर पालिका को जोकर बना रखा है। क्योंकि कांग्रेस की सत्ता होने से एक बड़ा बहाना है कि उसके पास सरकार ने फंड नहीं दिया है। अन्यथा कोई कारण नहीं नगर निगम का सपना दिखाकर नगर को लूटने का ख्वाब दिखाने वाले इन घटिया सड़कों को अब तक ठीक कर दिए होते।
सड़क के गड्ढों को प्राथमिकता के साथ भरवाए – कलेक्टर
शहडोल 12 सितम्बर 2023आज जिला प्रशासन के द्वार एक सुखद संदेश स्मृति के रूप में अधिकारियों को दिया गया है जो कुछ इस प्रकार से है हो सकता है कि इसका असर शासन प्रशासन पर पड़े हैं और हमारी घटिया सड़कों जीवन दान मिले | – कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य ने आज एपीसी एवं सड़क निर्माण कार्याें की समीक्षा की। कलेक्टर ने एमपीआरडीसी के अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि बरसात के कारण सड़कों में हुए गड्ढों को प्राथमिकता के साथ बजरी आदि से भरवाए जाए। उन्होंने निर्देश दिये कि गड्ढों को भरवाने का कार्य समय-सीमा में पूर्ण किया जाए तथा सड़के गुणवत्तायुक्त हो जिससे किसी भी प्रकार का एक्सीडेंट न हो।



