
चंडीगढ़:
आम आदमी पार्टी (आप) ने चंडीगढ़ महापौर चुनाव मामले में उच्चतम न्यायालय के आदेश का स्वागत करते हुए मंगलवार को कहा कि यह लोकतंत्र के लिए एक बड़ी जीत है। इसके साथ ही पार्टी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं को चुनाव के दौरान “बेईमानी” के लिए देश से माफी मांगनी चाहिए।उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को चंडीगढ़ महापौर चुनाव के परिणाम को पलटते हुए आप-कांग्रेस गठबंधन के पराजित उम्मीदवार कुलदीप कुमार को शहर का नया महापौर घोषित किया।
चंडीगढ़ मेयर चुनाव में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला दिया है। सर्वोच्च अदालत ने पिछले चुनाव में वोटों की गिनती दोबारा करने का आदेश दिया है। साथ ही, वोटिंग के बाद क्रॉस मार्क किए गए बैलेट पेपर को गिनती में शामिल करने का आदेश दिया है।
बता दें कि सोमवार रिटर्निंग ऑफिसर अनिल मसीह ने अदालत में कबूल किया था कि उन्होंने बैलेट पेपर पर क्रॉस मार्क लगाया था। उन्होंने सफाई दी थी कि आम आदमी के मेयर प्रत्याशी बैलेट पेपर फाड़ना की कोशिश की, इस कारण उन्होंने पेपर पर निशान लगा दिया। सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद चंडीगढ़ में आम आदमी के मेयर बनने का रास्ता साफ हो गया है। सुप्रीम कोर्ट ने अनिल महीने द्वारा अवैध किए आठ मतों को वैध मानने का फैसला किया है।
दो दिन पहले तक चंडीगढ़ नगर निगम में बहुमत आम आदमी पार्टी और कांग्रेस गठबंधन के पास था। चंडीगढ़ नगर निगम में बीजेपी के पास 14 पार्षद थे। आप के तीन पार्षद बीजेपी में शामिल होने के बाद बीजेपी के पास 17 पार्षद हैं। उसे शिरोमणि अकाली दल के एक पार्षद का समर्थन भी हासिल है। इसके अलावा बीजेपी के पास सांसद किरण खेर का वोट भी है। इस तरह 35 सदस्यों वाले सदन में बीजेपी को 19 सदस्यों का वोट मिल सकता है। चंडीगढ़ नगर निगम में बहुमत का आंकड़ा 19 है। 2016 से चंडीगढ़ में बीजेपी का मेयर पद पर कब्जा रहा है।
लाइव लॉ के मुताबिक, चीफ़ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा, “मिस्टर मसीह, मैं आपसे एक सवाल पूछता हूं. अगर आपने सच नहीं बताया तो आपके ख़िलाफ़ केस चलाया जाएगा. ये एक गंभीर मामला है. आप कैमरे की तरफ देखते हुए क्या कर रहे थे, (जब) आप बैलेट पेपर पर क्रॉस (X) बना रहे थे? आप निशान क्यों बना रहे थे ?”
इस पर मसीह ने कहा, “वोटिंग के बाद मुझे बैलेट पेपर पर दस्तख़्त करने थे. जो बैलेट पेपर रद्द हो गए थे, उन्हें अलग करना था.”
चीफ़ जस्टिस ने पूछा, “वीडियो में साफ़ नज़र आता है कि आप ख़ास बैलेट पेपर क्रॉस (X) का निशान बना रहे थे. क्या आपने ख़ास बैलेट पेपर पर क्रॉस (X) का निशान बनाया?” इस सवाल पर मसीह ने कहा, “जी हां.” चीफ़ जस्टिस ने पूछा, “कितने बैलेट पेपर्स पर निशान बनाए गए?” मसीह ने कोर्ट को बताया, “आठ. (बैलेट पेपर)”
चीफ़ जस्टिस ने पूछा, “आपने ऐसा क्यों किया? आपको सिर्फ़ दस्तख़्त करने थे. नियमों में ऐसा कहां हैं कि आप बैलेट पेपर पर दूसरा निशान बना सकते हैं.”इस पर मसीह ने जवाब दिया, “बैलेट पेपर को ख़राब उम्मीदवारों ने किया. उन्होंने इसे खींचा और नष्ट कर दिया.”
चीफ़ जस्टिस ने इस पर सॉलिसिटर जनरल को संबोधित किया.उन्होंने कहा, “मिस्टर सॉलिसिटर, इनके ख़िलाफ़ मुकदमा चलाया जाए. ये चुनाव प्रक्रिया में हस्तक्षेप कर रहे हैं.” (सौजन्य से नभाटा, एबीपी)
नयी दिल्ली: 20 फरवरी (भाषा) कांग्रेस ने चंडीगढ़ महापौर चुनाव परिणाम को उच्चतम न्यायालय द्वारा पलटे जाने के बाद मंगलवार को कहा कि देश की सबसे बड़ी अदालत ने लोकतंत्र को ‘‘निरंकुश भारतीय जनता पाटी’’ के जबड़े से बचाया है।पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने चुनाव में धांधली के मुद्दे को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर निशाना साधा और कहा कि निर्वाचन अधिकारी अनिल मसीह तो सिर्फ एक मोहरा थे।

