
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि कोल समाज के मान-सम्मान और प्रतिष्ठा की प्रतीक त्योंथर की कोलगढ़ी का जीर्णोद्धार किया जाएगा। श्री चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री भू-आवासीय अधिकार योजना में पट्टा देकर जमीन का मालिक बनाया जा रहा है। कोल समाज के जिन व्यक्तियों के पास रहने के लिए जमीन नहीं है, उनका सर्वे कराने के निर्देश भी दिए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रत्येक पात्र व्यक्ति को प्लॉट दिया जाएगा, पट्टे के साथ ही घर बनाने के लिए भी आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। शासकीय भूमि उपलब्ध नहीं होने की स्थिति में जमीन खरीद कर प्लॉट उपलब्ध कराए जाएंगे।
राज्य स्तरीय कोल जनजाति प्राधिकरण के अध्यक्ष रामलाल रौतेल ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री चौहान कोल समाज की प्रगति के लिए प्रतिबद्ध हैं। राज्य शासन द्वारा जनजातीय समाज के मान-सम्मान और सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण के लिए विभिन्न गतिविधियाँ चलाई जा रही हैं। अन्य जन-प्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। सम्मेलन में विधायक शरद कोल, अध्यक्ष जिला पंचायत सतना राम खिलावन कोल, अध्यक्ष जिला पंचायत रीवा श्रीमती नीता कोल, भारिया विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष दिनेश अगरिया, जनजातीय कार्य विभाग की प्रमुख सचिव डॉ. पल्लवी जैन गोविल सहित बड़ी संख्या में कोल समाज के भाई-बहन उपस्थित थे।
शहडोल
आज कलेक्टर कार्यालय के विराट सभागार में कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य के अध्यक्षता में मध्यप्रदेष वाॅलन्ट्री हेल्थ एसोसिएषन के द्वारा इंटरनेषन यूनियन अगेस्ट टयूबरक्यूलोसिसी एंड लंग्स डिजिंज के सहयोग से जिले में तंबाकू नियंत्रण कानून का प्रभावी क्रियान्वयन करने हेतु एक दिवसीय कार्यषाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य ने कहा कि जो लोग तंबाकू का सेवन करते हैं वे अपनी जिंदगी को बद से बदतर करते जाते है और वो कई प्रकार की गंभीर बीमारियांे को न्यौता देते है। इसलिए आवश्यक है कि तंबाकू उत्पाद, गुटका, सिगरेट आदि से बचें। कलेक्टर ने कहा कि यदि जिंदगी चुनना है तो तंबाकू छोड़ना होगा किशोरों एवं युवाओं को इससे बचने के लिये समझाइश देना होगा।

