
नयी दिल्ली: 16 अप्रैल (भाषा) कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने ‘नेशनल हेराल्ड’ मामले में प्रवर्तन निदेशालय द्वारा पार्टी के शीर्ष नेताओं सोनिया गांधी और राहुल गांधी के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किए जाने के विरोध में बुधवार को यहां प्रदर्शन किया और केंद्र सरकार पर प्रतिशोध की राजनीति का आरोप लगाया।पार्टी के कई नेता और कार्यकर्ता बुधवार को सुबह ही पार्टी के पुराने मुख्यालय 24 अकबर रोड पहुंच गए और अपने नेताओं के पक्ष और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।कांग्रेस महासचिव सचिन पायलट ने आरोप लगाया कि यह सब राजनीति से प्रेरित मामला है।उन्होंने संवाददाताओं से कहा, “यह राजनीति से प्रेरित मामला है। हमें न्यायिक प्रणाली पर भरोसा है। हम इसे कानूनी रूप से लड़ेंगे। राहुल गांधी और सोनिया गांधी को जानबूझकर निशाना बनाया गया है।”पायलट ने कहा कि यह सब विपक्ष की आवाज को दबाने के लिए किया गया हैlपार्टी के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने दावा किया, “नेशनल हेराल्ड, गांधी परिवार और कांग्रेस पार्टी से 1947 से पहले अंग्रेज़ चिढ़ते थे,कांग्रेस ने बुधवार को आरोप लगाया कि जनता के मुद्दों, विदेश नीति और आर्थिक संकट से ध्यान हटाने के लिए उसके शीर्ष नेताओं सोनिया गांधी और राहुल गांधी के खिलाफ ‘नेशनल हेराल्ड’ मामले में आरोप पत्र दाखिल किया गया है।पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने संवाददाताओं से कहा, “पिछले दो दिन से प्रतिशोध, उत्पीड़न और धमकी देने की राजनीति जारी है। कांग्रेस नेतृत्व खासतौर पर कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी को जानबूझकर निशाना बनाया गया।”
नयी दिल्ली: 16 अप्रैल (भाषा) उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को यह आदेश देने का प्रस्ताव रखा कि ‘‘उपयोगकर्ता द्वारा वक्फ’’ सहित वक्फ घोषित संपत्तियों को गैर-अधिसूचित नहीं किया जाए, लेकिन केंद्र ने इस सुझाव का विरोध किया और इस तरह के निर्देश से पहले सुनवाई की अपील की।शीर्ष अदालत ने केंद्र से यह भी पूछा कि क्या मुसलमानों को हिंदू धार्मिक न्यासों का हिस्सा बनने की अनुमति दी जाएगी।

