
नयी दिल्ली, 15 दिसंबर (भाषा) संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने सुरक्षा उल्लंघन के मुद्दे पर संसद की कार्यवाही बाधित करने के लिए शुक्रवार को विपक्षी दलों की आलोचना की और कहा कि उन्हें “जिम्मेदारी से व्यवहार करना चाहिए”।संसद के बाहर पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि उच्च स्तरीय जांच चल रही है, क्योंकि विपक्षी सांसदों ने गृह मंत्री अमित शाह से इस मुद्दे पर बयान देने और दोनों सदनों में चर्चा की मांग को लेकर अपना विरोध जारी रखा है।विपक्ष के इस आरोप के बारे में पूछे जाने पर कि केंद्र उनकी आवाज दबाने की कोशिश कर रहा है, जोशी ने कहा, ”कोई किसी की आवाज दबाने की कोशिश नहीं कर रहा है, यह उनकी राय है। मैं कहना चाहता हूं, आएं और बहस करें। दो विधेयक आज सूचीबद्ध हैं। सोमवार को आईपीसी, सीआरपीसी और साक्ष्य अधिनियम को बदलने के लिए तीन महत्वपूर्ण विधेयक हैं। हम विस्तृत चर्चा चाहते हैं। हमने 15 घंटे आवंटित किए हैं।” बुधवार को 2001 के संसद आतंकवादी हमले की बरसी पर एक बड़े सुरक्षा उल्लंघन में, दो व्यक्ति शून्यकाल के दौरान सार्वजनिक गैलरी से लोकसभा कक्ष में कूद गए, कनस्तरों से पीला रंग का धुआं छोड़ा और नारे लगाए, इससे पहले कि उन्हें काबू कर लिया गया।
नयी दिल्ली, 15 दिसंबर (भाषा)
कांग्रेस ने शुक्रवार को कहा कि जब तक गृह मंत्री अमित शाह सुरक्षा चूक के मुद्दे पर संसद के दोनों सदनों में वक्तव्य नहीं देते, तब तक कार्यवाही का सुचारू रूप से संचालन बहुत मुश्किल है।.पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने यह आरोप भी लगाया कि गृह मंत्री अमित शाह ‘अहंकारी’ हैं, इसलिए उन्होंने इस मामले में संसद में वक्तव्य देने के बजाय एक समाचार चैनल के कार्यक्रम में बयान दिया।.

