
बांधवगढ़ में बाघ ने एक महिला को मार डाला, 3 को घायल किया; बचाव अभियान के दौरान बाघ की मौत
उमरिया (MP): (24 मई) अधिकारियों ने बताया कि रविवार तड़के मध्य प्रदेश के उमरिया ज़िले में बांधवगढ़ टाइगर रिज़र्व (BTR) के पास एक रिहायशी इलाके में एक बाघ घुस आया। बाघ ने एक महिला को मार डाला और तीन अन्य लोगों को घायल कर दिया, जिसके बाद बचाव अभियान के दौरान उसकी मौत हो गई।यह हमला रिज़र्व के पास स्थित पनपथा गाँव के खेरवा टोला इलाके में सुबह करीब 3 बजे हुआ। इसके बाद, इलाके में बाघ के बार-बार होने वाले हमलों के विरोध में गुस्साए स्थानीय लोगों ने कथित तौर पर एक वन रेंजर पर हमला कर दिया और एक महिला कर्मचारी के साथ हाथापाई की।PTI से बात करते हुए, रिज़र्व के फील्ड डायरेक्टर अनुपम सहाय ने बताया कि बाघ गाँव में घुस आया और उसने निवासियों पर हमला कर दिया। इस हमले में फूल बाई पाल (40) की मौत हो गई और तीन अन्य लोग घायल हो गए।जिस बाघ ने कुछ दिनों पहले ही उमरिया जिले के खेरवा टोला गांव में एक महिला को घर में घुसकर बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया था, उसकी रेस्क्यू के बाद रहस्यमयी परिस्थितियों में मौत हो गई है। आमतौर पर रेस्क्यू किए गए बाघों की इस तरह से अचानक मौत नहीं होती है। पार्क प्रबंधन अब इस पूरे मामले की गहनता से जांच में जुटा है, ताकि मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।
केरल में दस्तक देने वाला है मॉनसून, मध्य प्रदेश में मॉनसून 14-15 दिनों बाद
भोपाल (ईएमएस)। देश में मॉनसून समय से पहले दस्तक दे रहा है। अल नीनो के प्रभाव के बावजूद मॉनसून की एंट्री समय से पहले हो रही है। अगले 48 घंटों के अंदर मॉनसून केरल में एंट्री ले सकता है। इसी के साथ लोगों के मन में सवाल आने लगे हैं कि क्या मध्य प्रदेश में समय से पहले पहुंचेगा मॉनसून? आमतौर पर केरल पहुंचने के बाद मध्य प्रदेश में मॉनसून 14-15 दिनों बाद पहुंचता है। भारतीय मौसम विभाग के ताजा अपडेट के मुताबिक, मॉनसून के आगे बढऩे के लिए पूरी तरह से अनुकूल माहौल है। मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक 26 मई को केरल में मॉनसून की एंट्री हो सकती है इसमें 4 दिन मॉडल एरर माना जाता है। यानी मॉनसून आने की तारीख और मॉनसून पहुंचने की असल स्थिति में भिन्नता भी हो सकती है। वहीं, मौसम विभाग ने केरल के दक्षिणी हिस्सों में भारी बारिश की आशंका जताते हुए ऑरेंज अलर्ट और 6 जिलों में यलो अलर्ट जारी कर दिया है। यहां भारी बारिश के साथ मॉनूसन एंट्री कर सकता है। स्कायमेट के मुताबिक कि मॉनसून के आगमन की पुष्टि करने का एक पैमाना है। उदाहरण के तौर पर, केरल में कुल 16 स्टेशन बनाए गए हैं, जो बारिश रिकॉर्ड करते हैं। जब इन 16 स्टेशनों में से 60 प्रतिशत स्टेशनों पर 2.5 एमएम से अधिक बारिश लगातार दो दिनों तक होती है, तो मान लिया जाता है कि मॉनसून का आगमन हो गया है। हालांकि, बारिश के पैटर्न के साथ पश्चिमी हवाओं के पैटर्न को भी रिकॉर्ड में लिया जाता है। हवाओं का एक तय रुख भी दर्शाता है कि मॉनसून का आगमन हो गया है। मप्र में समय से पहले पहुंचेगा मॉनसून.
कॉक्रोच पार्टी के संस्थापक के घर पुलिस तैनात
नई दिल्ली(ईएमएस)। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत की युवाओं को लेकर की गई टिप्पणी के बाद इंटरनेट पर चर्चा में आई कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की आधिकारिक वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इससे पहले इस संगठन के एक्स हैंडल को भारत में प्रतिबंधित किया जा चुका है। पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने इसे तानाशाही रवैया बताते हुए दावा किया है कि उनके निजी इंस्टाग्राम अकाउंट को भी हैक कर लिया गया है। दीपके के अनुसार, इस वेबसाइट के माध्यम से करीब 10 लाख लोगों ने पंजीकरण कराया था, जिनमें से 6 लाख लोगों ने नीट पेपर लीक मामले में विफलता का आरोप लगाते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की थी। दीपके ने सोशल मीडिया पर लिखा कि सरकार इस आंदोलन से डरी हुई है, लेकिन वे जल्द ही एक नए प्लेटफॉर्म पर वापसी करेंगे। इस बीच, इंस्टाग्राम पर सीजेपी के फॉलोअर्स की संख्या तेजी से बढ़ते हुए 2.2 करोड़ के पार पहुंच गई है, जो देश के कई बड़े राजनीतिक दलों के फॉलोअर्स से भी अधिक है।
मेडिकल डिग्री पूरी करने की समय-सीमा 9 साल से बढ़ाकर 10 साल
नई दिल्ली,(ईएमएस)। देश में डॉक्टर बनने का सपना देख रहे मेडिकल छात्रों के लिए केंद्र सरकार ने बड़ी राहत दी है। सरकार ने एमबीबीएस कोर्स से जुड़े नियमों में अहम बदलाव करते हुए डिग्री पूरी करने की समय-सीमा 9 साल से बढ़ाकर 10 साल कर दी है। नए नियम इसी शैक्षणिक सत्र से लागू किए जाएंगे। इसके साथ ही देशभर के मेडिकल कॉलेजों में इस वर्ष लगभग 11 हजार नई एमबीबीएस सीटें भी बढ़ाई जा रही हैं। केंद्र के इस फैसले से उन छात्रों को सबसे अधिक फायदा मिलेगा जो किसी कारणवश परीक्षा में असफल हो जाते हैं या पढ़ाई पूरी करने में अतिरिक्त समय लग जाता है। अब उन्हें पहले की तुलना में एक साल ज्यादा अवसर मिलेगा। अब तक एमबीबीएस कोर्स, जिसमें साढ़े पांच साल की पढ़ाई और एक साल की रोटेटिंग इंटर्नशिप शामिल होती है, को पूरा करने के लिए अधिकतम 9 साल का समय निर्धारित था। यानी छात्रों को अतिरिक्त अटेम्प्ट के लिए केवल साढ़े तीन साल ही मिलते थे। नए नियम लागू होने के बाद छात्र अब कुल 10 साल में एमबीबीएस की डिग्री पूरी कर सकेंगे।

