
मुंबई: 27 अगस्त
महाराष्ट्र . बड़ी-बड़ी मूर्तियां बनाकर लोकप्रियता लूटने वाली मूर्तियों को गिरते देखा मध्य प्रदेश के महाकाल की नगरी उज्जैन मेंइसी प्रकार की मूर्तियां बनाई गई जिसमेंकई ऋषियों की मूर्तियां टूट गई. अब महाराष्ट्र में आदर्श माने जाने वाले शिवाजी महाराजकी ऊंची मूर्ति टूट कर गिर गई.कहते हैं इसके भ्रष्टाचार एक बड़ा कारण रहा है इन ऊंची मूर्तियां को गिरते देख पटेल की मूर्ति को भी संदेह की नजर से देखा जा सकता है.क्योंकि मूर्तियों के धंधे में निश्चित ठेकेदार ही लगातार काम कर रहे हैं. सिंधुदुर्ग जिले में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा गिरने के मामले में पुलिस ने ठेकेदार और एक अन्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।सिंधुदुर्ग में सोमवार को छत्रपति शिवाजी महाराज की 35 फीट ऊंची मूर्ति गिरने के बाद स्थानीय पुलिस ने ठेकेदार जयदीप आप्टे और स्ट्रक्चरल कंसल्टेंट चेतन पाटिल के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109, 110, 125, 318 और 3(5) के तहत दर्ज की गई एफआईआर की पुष्टि सिंधुदुर्ग पुलिस ने की। इससे पहले आज, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने राजकोट किले में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा के गिरने को “दुर्भाग्यपूर्ण” बताया और घोषणा की कि पीडब्ल्यूडी और नौसेना के अधिकारी 27 अगस्त को घटनास्थल का दौरा करेंगे और इसके पीछे के कारणों की जांच करेंगेशिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा, “लोकसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए जिस जल्दबाजी में मूर्ति का उद्घाटन किया गया, मुझे लगता है कि यह बहुत ही खराब तरीके से किया गया। चुनाव और वोट के लिए छत्रपति शिवाजी महाराज का अपमान किया गया। मोदी जी के हाथों से इसकी स्थापना से पता चलता है कि छत्रपति शिवाजी महाराज ऐसा नहीं चाहते थे।”
नयी दिल्ली: 27 अगस्त (भाषा) भाजपा अध्यक्ष जे पी नड्डा ने मंगलवार को कोलकाता में प्रशिक्षु चिकित्सक के बलात्कार-हत्या के विरोध में आंदोलन कर रहे प्रदर्शनकारियों से निपटने में पुलिस की कथित ज्यादती की आलोचना करते हुए कहा, “दीदी के पश्चिम बंगाल में बलात्कारियों एवं अपराधियों की मदद करने को महत्व दिया जाता है।’’नड्डा ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर यह कटाक्ष पुलिस द्वारा लाठीचार्ज करने, पानी की बौछारें छोड़ने और आंसू गैस के गोले छोड़ने के बाद किया। प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा बलों पर पत्थर और ईंटें फेंकी तथा राज्य सचिवालय तक जाने के रास्ते में लगे बैरिकेड को गिराने का प्रयास किया।
नयी दिल्ली: 27 अगस्त (भाषा) भारतीय जिलों में राष्ट्रीय मानक से अधिक वायु प्रदूषण से सभी उम्र वर्ग के लोगों में मौत का जोखिम बढ़ गया है। एक अध्ययन रिपोर्ट में यह दावा किया गया है।रिपोर्ट के मुताबिक, नवजात शिशुओं में यह जोखिम 86 प्रतिशत, पांच वर्ष से कम उम्र के बच्चों में 100-120 प्रतिशत तथा वयस्कों में 13 प्रतिशत बढ़ा है।

