
नयी दिल्ली: 1 अक्टूबर (भाषा) लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मंगलवार को कहा कि पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक और अन्य लद्दाख वासियों को हिरासत में लिया जाना ‘‘अस्वीकार्य’’ है।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को लद्दाख की आवाज सुननी होगी।केंद्र शासित प्रदेश को छठी अनुसूची में शामिल करने की मांग को लेकर राष्ट्रीय राजधानी तक मार्च करने वाले वांगचुक सहित लद्दाख के करीब 120 लोगों को दिल्ली पुलिस ने राष्ट्रीय राजधानी की सीमा पर हिरासत में ले लिया।गांधी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘पर्यावरण और संवैधानिक अधिकारों के लिए शांतिपूर्वक मार्च कर रहे सोनम वांगचुक जी और लद्दाख के सैकड़ों लोगों को हिरासत में लिया जाना अस्वीकार्य है।’’पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष ने यह भी पूछा कि लद्दाख के भविष्य के लिए आवाज उठाने वाले बुजुर्ग नागरिकों को दिल्ली की सीमा पर आखिर हिरासत में क्यों लिया गया।गांधी ने कहा, ‘‘मोदी जी, किसानों के मामले की तरह यह चक्रव्यूह भी टूटेगा और आपका अहंकार भी टूटेगा।
आपको लद्दाख की आवाज सुननी होगी।’’हिरासत में लिए जाने से कुछ समय पहले ‘इंस्टाग्राम’ पर एक पोस्ट में वांगचुक ने दिल्ली सीमा से तस्वीरें साझा की थीं, जहां व्यापक पुलिस बल की मौजूदगी के बीच उनकी बसों को रोका गया था।वीडियो में पर्यावरण कार्यकर्ता पुलिस अधिकारियों के साथ बातचीत करते देखे जा सकते हैं।
अपने पोस्ट में वांगचुक ने कहा कि दिल्ली पुलिस और हरियाणा पुलिस के कई वाहन उनकी बसों के साथ थे। उन्होंने कहा कि उन्हें शुरू में लगा कि राष्ट्रीय राजधानी के पास पहुंचने पर ये बसें उनकी सुरक्षा के लिए उनके पीछे-पीछे चल रही हैं, लेकिन बाद में यह स्पष्ट था कि उन्हें हिरासत में लिया जाने वाला है।वांगचुक ने कहा, ‘‘जैसे-जैसे हम दिल्ली के पास पहुंच रहे हैं, ऐसा लगने लगा कि हमें सुरक्षा नहीं दी जा रही बल्कि हमें हिरासत में लिया जा रहा है।’’उन्होंने कहा कि दिल्ली सीमा पर लगभग 1,000 पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया है और उन्हें बताया गया है कि दिल्ली में लद्दाख भवन और केंद्र शासित प्रदेश के छात्रों के रहने वाले क्षेत्रों में भारी सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है।उन्होंने कहा, ‘‘ऐसा प्रतीत होता है कि वे नहीं चाहते कि यह पदयात्रा हो।’’पदयात्रा का आयोजन ‘लेह एपेक्स बॉडी’ द्वारा किया गया था, जो ‘करगिल डेमोक्रेटिक अलायंस’ के साथ मिलकर पिछले चार साल से लद्दाख के लिए राज्य का दर्जा, संविधान की छठी अनुसूची में इसे शामिल करने, लद्दाख के लिए लोक सेवा आयोग के साथ शीघ्र भर्ती प्रक्रिया और लेह एवं करगिल जिलों के लिए अलग लोकसभा सीट की मांग को लेकर आंदोलन का नेतृत्व कर रही है।दिल्ली पुलिस ने सोमवार को कई संगठनों द्वारा विरोध प्रदर्शन के आह्वान सहित कानून-व्यवस्था के मुद्दों का हवाला देते हुए अगले छह दिन के लिए मध्य भाग और सीमावर्ती क्षेत्रों में पांच या अधिक व्यक्तियों के एकत्र होने, बैनर, तख्तियां और हथियार लेकर चलने एवं विरोध प्रदर्शन करने पर प्रतिबंध लगा दिया।जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक और कई अन्य को दिल्ली की सीमा पर हिरासत में लिये जाने के खिलाफ मंगलवार को दिल्ली उच्च न्यायालय में याचिकाएं दायर की गईं।
दिल्ली की सीएम आतिशी का दावा है कि उन्हें दिल्ली पुलिस ने सोनम वांगचुक से मिलने की इजाजत नहीं दी इसपर उन्होंने भड़कते हुए कहा कि दिल्ली और लद्दाख में LG राज खत्म होना चाहिए गौर हो कि लद्दाख से दिल्ली पहुंचे एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक और उनके साथ 150 समर्थकों को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया।बता दें कि 1 अक्टूबर को सोनम वांगचुक से मिलने दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी बवाना थाने पहुंची उनका दावा है कि उन्हें इस दौरान मिलने की इजाजत नहीं मिली। आतिशी ने इस दौरान एलजी वीके सक्सेना को घेरते हुए कहा कि दिल्ली और लद्दाख में LG राज खत्म होना चाहिए।बताया जा रहा है कि LG साहब का फ़ोन आ गया कि चुने हुए मुख्यमंत्री से मिलने नहीं देना। यह तानाशाही ठीक नहीं है। सोनम वांगचुक जी और लद्दाख के लोग भी LG राज के ख़िलाफ़ लड़ रहे हैं, लद्दाख को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने के लिए लड़ रहे हैं। दिल्ली के लोग लद्दाख के लोगों के साथ खड़े हैं। लद्दाख में LG राज ख़त्म होना चाहिए, दिल्ली में भी LG राज ख़त्म होना चाहिए। लद्दाख और दिल्ली को पूर्ण राज्य का दर्जा मिलना चाहिए।
राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु ने गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर अपने संदेश में कहा है:-“सभी नागरिकों की ओर से, मैं राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को उनकी 155वीं जयंती पर अपनी विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करती हूँ।सत्य और अहिंसा के अनुयायी बापू का जीवन पूरी मानवता के लिए एक विशिष्ट संदेश है। उन्होंने हमें शांति और सहयोग के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित किया। गांधीजी ने अस्पृश्यता, अशिक्षा, स्वच्छता की कमी और अन्य सामाजिक बुराइयों को मिटाने के मिशन को अपनाया और गांधीजी शाश्वत नैतिक सिद्धांतों के प्रतीक थे और उन्होंने नैतिकता आधारित आचरण का उपदेश दिया। उनका संघर्ष सबसे कमजोर और सर्वाधिक वंचित लोगों को मजबूत बनाने पर केंद्रित था। उनके विचारों ने दुनिया के कई महान व्यक्तित्वों को प्रभावित किया, जिन्होंने गांधीजी के आदर्शों को अपने तौर-तरीकों में अपनाया।
लाल बहादुर शास्त्री लोग ऐसे होते हैं साधारण कदकाठी के, लेकिन व्यक्तित्व बहुत बड़ा, ये ऐसे लोग होते हैं जिन्हें किसी कार्यक्रम प्रबंधन या काम के दिखावे की जरूरत नहीं होती। वे हमारी यादों में रहते हैं, हमारा मार्गदर्शन करते हैं, हमें प्रेरित करते हैं।उपराष्ट्रपति
विधायक आगामी 4 वर्ष के विकास की कार्य योजना बनाकर दें प्रस्ताव: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल : मंगलवार, अक्टूबर 1
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रत्येक जिले की भौगोलिक स्थिति अलग-अलग होने से आवश्यकताएं भी पृथक-पृथक होंगी। विधायक अपने-अपने क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति और आवश्यकता के अनुरूप आगामी चार-पांच वर्षों के लिए विकास कार्यों की कार्य योजना बनाकर प्रस्ताव दें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में हम मध्यप्रदेश को देश का नंबर वन राज्य बनाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव, मुख्यमंत्री निवास के समत्व भवन में कांग्रेस विधायकों से चर्चा कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार को नेता प्रतिपक्ष श्री उमंग सिंघार के साथ 38 कांग्रेस के विधायक एवं प्रतिनिधियों ने भेंट की।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिए अभियान चलाकर लंबित प्रकरणों का निराकरण कराया गया है। आम जनता और किसानों के अधिकतर प्रकरण राजस्व संबंधी होते हैं। जिलों की संभागीय कार्यालयों से दूरी के कारण आम जनता के समय और धन दोनों का अपव्यय होता है, इसलिए मध्यप्रदेश परिसीमन आयोग बनाया गया है, जो जिलों का पुनर्गठन का कार्य करेगा। लोक सेवा केन्द्र हेल्पलाईन के रूप में बहुत अच्छा काम कर रहे हैं। जल-जीवन मिशन में हर घर में जल पहुँचाने का कार्य निरंतर जारी है।

