
मध्य प्रदेश में इंडिया गठबंधन को करारा झटका लगा है। कांग्रेस ने प्रदेश की 29 में से एक खजुराहो सीट समाजवादी पार्टी के लिए छोड़ी थी। यहां से समाजवादी पार्टी की उम्मीदवार मीरा दीपनारायण यादव का नामांकन निरस्त हो गया है। कलेक्टर ने इसकी दो वजह बताई है। नामांकन फॉर्म पर प्रत्याशी के दो जगह हस्ताक्षर होते हैं, जिसमें से एक जगह मीरा यादव ने हस्ताक्षर नहीं किए थे। मतदाता पहचान पत्र की सत्यापित प्रति की जगह पुरानी प्रति दे दी गई थी। मीरा यादव के पति दीपनारायण यादव ने कहा है कि हम इस फैसले को हाईकोर्ट में और सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देंगे। चुनाव आयोग के मुख्य आयुक्त के पास भी जाएंगे। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने इस घटनाक्रम को लोकतंत्र की सरेआम हत्या बताया है। अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर लिखा कि “खजुराहो सीट से इंडिया गठबंधन की सपा प्रत्याशी मीरा यादव का नामांकन निरस्त करना सरेआम लोकतंत्र की हत्या है। कहा जा रहा है कि हस्ताक्षर नहीं थे तो फिर देखनेवाले अधिकारी ने फार्म लिया ही क्यों। ये सब बहाने हैं और हार चुकी भाजपा की हताशा. खजुराहो सीट से भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा मौजूदा सांसद और उम्मीदवार हैं। उनकी राह अब आसान हो गई है
नयी दिल्ली: पांच अप्रैल (भाषा) प्रशिक्षुता का अधिकार, एमएसपी के लिए कानूनी गारंटी, और एससी, एसटी और ओबीसी के लिए आरक्षण पर 50 प्रतिशत की सीमा बढ़ाने के लिए संवैधानिक संशोधन पारित करना कांग्रेस द्वारा लोकसभा चुनाव के लिए जारी अपने घोषणापत्र में किए गए वादों में से एक है। शुक्रवार को।घोषणापत्र, पांच “न्याय के स्तंभों” और उनके तहत 25 गारंटियों पर केंद्रित है, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और पूर्व पार्टी प्रमुखों सोनिया गांधी और राहुल गांधी की उपस्थिति में एआईसीसी मुख्यालय में जारी किया गया था।न्याय पत्र शीर्षक वाले दस्तावेज़ में, विपक्षी दल ने कहा कि अगर वह सत्ता में आती है तो वह बिना किसी भेदभाव के सभी जातियों, समुदायों के लिए आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों (ईडब्ल्यूएस) के लिए नौकरियों, शैक्षणिक संस्थानों में 10 प्रतिशत कोटा लागू करेगी।
कांग्रेस ने अपने चुनावी घोषणापत्र में वादा किया है कि वह सत्ता में आने पर राजस्थान की पूर्ववर्ती अशोक गहलोत सरकार की ‘चिरंजीवी’ योजना की तर्ज पर देशव्यापी स्वास्थ्य बीमा योजना लागू करेगी।पार्टी ने कहा है कि वह ‘चिरंजीवी’ की तरह देश के स्तर पर कैशलेस बीमा योजना लागू करना चाहती है।कांग्रेस ने अपने घोषणा पत्र में कहा है, औपचारिक राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति के अभाव के कारण तदर्थ और व्यक्तिगत नीति निर्माण हुआ है। विस्तृत विचार विमर्श के बाद कांग्रेस एक व्यापक राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति जारी करेगी। रक्षा मंत्री के ऑपरेशनल निर्देश, सशस्त्र बलों की युद्ध योजना को निर्धारित करते हैं। यूपीए सरकार ने आखिरी निर्देश 2009 में जारी किया था। मौजूदा दो मोर्चों की चुनौती से निपटने के लिए कांग्रेस एक नया ऑपरेशनल निर्देश लाएगी। कुल व्यय के अनुपात के रूप में रक्षा व्यय में कटौती को समाप्त करेगी। यह सुनिश्चित करेगी कि सशस्त्र बलों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए पर्याप्त धन आवंटित और खर्च किया जाएगा। कांग्रेस सरकार अग्निपथ योजना को खत्म करेगी। सशस्त्र बलों में लड़ाकू और गैर लड़ाकू भूमिकाओं में महिलाओं के लिए सेवा के अवसरों का व्यवस्थित रूप से विस्तार करेगी। राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार का कार्यालय संसद की एक चयन समिति की निगरानी में लाया जाएगा। सैन्य सुधार, तैयारियों और संयुक्त अभियानों के लिए चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ एक संवेदनशील और महत्वपूर्ण पद है।
नयी दिल्ली: पांच अप्रैल (भाषा) भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) सरकारी प्रतिभूति बाजार में खुदरा निवेशकों की भागीदारी को सुगम बनाने के लिए जल्द ही एक मोबाइल ऐप पेश करेगा।आरबीआई के गवर्नर शक्तिकांत दास ने शुक्रवार को चालू वित्त वर्ष की पहली मौद्रिक नीति समीक्षा पेश करते हुए यह प्रस्ताव किया।नवंबर, 2021 में पेश की गई आरबीआई की रिटेल ‘डायरेक्ट स्कीम’ व्यक्तिगत निवेशकों को केंद्रीय के साथ गिल्ट खाते बनाए रखने और सरकारी प्रतिभूतियों में निवेश करने की सुविधा प्रदान करती है। यह योजना निवेशकों को प्राथमिक नीलामी में प्रतिभूतियों को खरीदने के साथ-साथ एनडीएस-ओएम मंच के जरिये प्रतिभूतियों को खरीदने/बेचने में सक्षम बनाती है।केंद्रीय बैंक ने कहा कि इस पहुंच को और सुगम तथा बेहतर बनाने के लिए रिटेल ‘डायरेक्ट पोर्टल’ की एक मोबाइल ऐप बनाई जा रही है। यह ऐप निवेशकों को अपनी सुविधानुसार, चलते-फिरते उपकरण खरीदने और बेचने में सक्षम बनाएगा। ऐप शीघ्र ही उपयोग के लिए उपलब्ध होगा।भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने शुक्रवार को चालू वित्त वर्ष की पहली द्विमासिक मौद्रिक नीति समीक्षा में नीतिगत दर रेपो में कोई बदलाव नहीं किया और इसे 6.5 प्रतिशत पर बरकरार रखा।
शहडोल के कमिश्नर बीएस जामोद ने कार्यालीन समय पर निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने पर म.प्र. सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम-1966 के नियम 9 (1) (क) के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए मुनेश्वर प्रसाद विराट, प्रभारी तहसीलदार, जैतपुर शहडोल को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया है। निलंबन अवधि में विराट का मुख्यालय कार्यालय कलेक्टर जिला शहडोल नियत किया गया है। निलंबन अवधि में नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी।जिले में नलकूप खनन व समस्त जल स्त्रोतों (पेयजल हेतु छोड़कर) का उपयोग प्रतिबंधित
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शहडोल – कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट तरूण भटनागर ने ग्रीष्मकाल को दृष्टिगत रखते हुए आदेश जारी कर मध्यप्रदेश पेयजल परीरक्षण संशोधित अधिनियम 1986 की धारा-3 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुये शहडोल जिले को पेयजल अभावग्रस्त क्षेत्र घोषित होने के कारण जिले में पर्याप्त पेयजल आपूर्ति बनाये रखने हेतु अधिनियम की धारा-5 एवं 7 के अनुसार जिले की सीमा में किसी भी प्रकार के प्रयोग हेतु नलकूप खनन एवं समस्त जल स्त्रोतों का उपयोग आगामी आदेश तक पेयजल हेतु छोड़कर अन्य कार्यों के लिये प्रतिबंधित किया है। जिारी आदेश में कहा गया है कि ग्रामीण क्षेत्रों में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकीय विभाग एवं नगरीय क्षेत्र में नगरीय निकाय पेयजल प्रयोजन के लिये नलकूप खनन कर सकते हैं, शेष सभी के लिये नलकूप खनन पूर्णतः आगामी आदेश तक प्रतिबंधित रहेगा। जिले की सीमा में आम इंसान, जानवरों के उपयोग के पेयजल स्त्रोंतों का सिंचाई या अन्य प्रयोजन के लिये उपयोग पूर्णतः प्रतिबंधित किया जाता है। किसी भी प्रकार से आम इंसान, जानवरों के उपयोग के पेयजल स्त्रोतों का उपयोग सिंचाई या अन्य प्रयोजन हेतु नहीं किया जायेगा। यह प्रतिबंध लोक स्वास्थ्य यांत्रिकीय विभाग द्वारा पेयजल व्यवस्था हेतु खनन किये जाने वाले नलकूपों एवं पूर्व से सिंचाई के उपयोग हेतु निर्धारित स्त्रोतों पर लागू नहीं होगा।

