
हरियाणा पुलिस के मुख्य आरक्षी पर दहेज उत्पीड़न के आरोप में प्राथमिकी दर्ज
मेरठ (उप्र): चार मई (भाषा) हरियाणा पुलिस के एक मुख्य आरक्षी के खिलाफ सरकारी स्कूल में तैनात उसकी अध्यापिका पत्नी ने धोखे से शादी करने, दहेज मांगने और मारपीट का आरोप लगाते हुए कंकड़खेड़ा थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी।पुलिस अधीक्षक (नगर) आयुष विक्रम सिंह ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘यह पति-पत्नी के बीच आपसी विवाद का मामला है। दोनों पक्षों की ‘काउंसलिंग’ भी कराई गई थी, जो विफल रही। इसके बाद महिला द्वारा तहरीर दी गई, जिस पर मामला दर्ज कर लिया गया है।’’
भारत पर बुरी नज़र डालने वालों को मुंहतोड़ जवाब देना मेरी ज़िम्मेदारी: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह
नई दिल्ली: (4 मई)
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को कहा कि सशस्त्र बलों के साथ मिलकर काम करना और भारत पर बुरी नज़र डालने वालों को “मुंहतोड़ जवाब” देना उनकी ज़िम्मेदारी है। उनकी यह टिप्पणी हाल ही में पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले की पृष्ठभूमि में आई है।दिल्ली में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सिंह ने कहा कि लोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अच्छी तरह से जानते हैं और उनकी कार्यशैली, उनके दृढ़ संकल्प और जिस तरह से उन्होंने अपने जीवन में “जोखिम उठाना” सीखा है, उससे वे अच्छी तरह परिचित हैं।भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता ने कहा, “मैं आपको आश्वस्त करना चाहता हूं कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में आप जो चाहते हैं, वह निश्चित रूप से होगा।”
प्रियंका गांधी ने कहा कि कांग्रेस पहलगाम आतंकी हमले पर केंद्र की किसी भी कार्रवाई का समर्थन करेगी।
वायनाड (केरल): (4 मई) कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने रविवार को कहा कि उनकी पार्टी पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में केंद्र सरकार की किसी भी कार्रवाई का पूरा समर्थन करेगी। इस हमले में 26 लोग मारे गए थे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) ने पहले ही इस रुख की पुष्टि करते हुए एक प्रस्ताव पारित कर दिया है। वायनाड की अपनी दो दिवसीय यात्रा के दौरान बोलते हुए, एआईसीसी महासचिव ने उम्मीद जताई कि हमले के मद्देनजर केंद्र सरकार तेजी से कार्रवाई करेगी।
जन-भागीदारी से जल संरचनाओं को नवजीवन

मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में 30 अप्रैल से प्रारंभ किया गया “जल गंगा संवर्धन’’ अभियान एक बहु-स्तरीय आयोजन है। इसका उद्देश्य राज्य के जल स्रोतों जैसे नदियों, तालाबों, झीलों, पुराने कुओं, बावड़ियों और जल-धाराओं को पुनर्जीवित करना और उन्हें सतत रूप से संरक्षित करना है। यह अभियान सरकारी योजना से आगे बढ़कर अब जन-आंदोलन का स्वरूप ले चुका है। अभियान का मुख्य उद्देश्य प्रदेश की नदियों, तालाबों, झीलों, पुराने कुओं, बावड़ियों और जल-धाराओं को सहेज कर उन्हें पुनर्जीवन देना है। इन जल स्रोतों की गाद निकासी, सफाई, सीमांकन और पुनर्जीवन की कार्य-योजना बनाई गई है, जिसमें जन-भागीदारी से श्रमदान भी किया जा रहा है। ग्राम पंचायतों से लेकर नगर निगमों तक लोग स्वयं आगे आकर जल स्रोतों की सफाई कर रहे हैं। नदियों के किनारे विशेष रूप से देशी प्रजातियों के पौधों का रोपण कर जल-स्तर बढ़ाने और मृदा क्षरण को रोकने का कार्य किया जा रहा है। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में रूफ वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम को अनिवार्य किया जा रहा है।

