
भारत-पाक स्थिति पर सोमवार को बंद कमरे में होगी संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक
संयुक्त राष्ट्र: 5 मई (भाषा) भारत और पाकिस्तान के बीच हालात को लेकर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की सोमवार को बंद कमरे में एक बैठक होगी।पाकिस्तान ने इस मुद्दे पर आपात बैठक की मांग की है।
अनंतनाग जिले के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 पर्यटकों अब तक के आंकड़ों के अनुसार मरने वालों में नामों की पुष्टि है.
| नाम | राज्य | |
| 1 | लेफ्टिनेंट विनय नरवाल | हरियाणा |
| 2 | मंजु नाथ | कर्नाटक |
| 3 | शुभम द्विवेदी | उत्तर प्रदेश |
| 4 | संजय लेले | महाराष्ट्र |
| 5 | अतुल मोने | महाराष्ट्र |
| 6 | दिलीप डिसले | महाराष्ट्र |
| 7 | संतोष जगदाले | महाराष्ट्र |
| 8 | कौस्तुभ गनबोटे | महाराष्ट्र |
| 9 | प्रशांत कुमार | |
| 10 | मनीष रंजन | |
| 11 | सैयद हुसैन शाह | जम्मू कश्मीर |
| 12 | सुशील नथयाल | मध्य प्रदेश |
| 13 | हेमंत सुहास जोशी | महाराष्ट्र |
| 14 | नीरज उधवानी | उत्तराखंड |
| 15 | बीतन अधिकारी | पश्चिम बंगाल |
| 16 | सुदीप न्यौपाने | नेपाल |
| 17 | मनीष रंजन | बिहार |
| 18 | एन रामचंद्रन | केरला |
| 19 | दिनेश अग्रवाल | चंडीगढ़ |
| 20 | समीर गुहार | पश्चिम बंगाल |
| 21 | जे सचिंद्र मोली | आंध्रप्रदेश |
| 22 | मधुसूदन सोमस्टी | कर्नाटक |
| 23 | संतोष जहदा | कर्नाटक |
| 24 | भारत भूषण | कर्नाटक |
| 25 | सुमित परमार | गुजरात |
| 26 | यतेश परमार | गुजरात |
(sabhar अप्रैल 23, 2025 11:55am)
वक्फ (संशोधन) को चुनौती वाली याचिकाओं पर अगले सीजेआई गवई की पीठ सुनवाई करेगी: सुप्रीम कोर्ट नई दिल्ली: (5 मई) सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को कहा कि वक्फ (संशोधन) अधिनियम की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर भारत के मुख्य न्यायाधीश-नामित न्यायमूर्ति बीआर गवई की अध्यक्षता वाली पीठ 15 मई को सुनवाई करेगी।सीजेआई खन्ना 13 मई को पद से सेवानिवृत्त होंगे और उनकी सेवानिवृत्ति के एक दिन बाद सीजेआई-नामित न्यायमूर्ति गवई उनका स्थान लेंगे।सीजेआई ने कहा, “हमने (केंद्र के) जवाबी हलफनामे पर बहुत गहराई से विचार नहीं किया है। हां, आपने पंजीकरण (वक्फ संपत्तियों के) के संबंध में कुछ बिंदु उठाए हैं और कुछ विवादित आंकड़े दिए हैं, जिन पर कुछ विचार करने की आवश्यकता होगी।” केंद्र की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने सीजेआई की सेवानिवृत्ति का संकेत देते हुए कहा, “हम आपके (सीजेआई) से बात करना पसंद करते, क्योंकि हर तर्क का जवाब होता है। लेकिन, हम आपको शर्मिंदा नहीं कर सकते, क्योंकि समय नहीं है।” विधि अधिकारी ने कहा, “आपके (सेवानिवृत्ति के बारे में) याद दिलाना दर्दनाक है।” सीजेआई ने जवाब दिया, “नहीं नहीं, मैं इसका इंतजार कर रहा हूं।” इससे पहले, केंद्र ने 17 अप्रैल को शीर्ष अदालत को आश्वासन दिया था कि वह 5 मई तक न तो “उपयोगकर्ता द्वारा वक्फ” सहित वक्फ संपत्तियों को गैर-अधिसूचित करेगा और न ही केंद्रीय वक्फ परिषद और बोर्डों में कोई नियुक्ति करेगा।
केंद्र ने पीठ को यह आश्वासन देते हुए कहा कि संसद द्वारा “उचित विचार-विमर्श” के साथ पारित कानून को सरकार की सुनवाई के बिना स्थगित नहीं किया जाना चाहिए।पांच याचिकाओं के समूह को अब ‘वक्फ (संशोधन) अधिनियम, 2025 के संबंध में’ शीर्षक दिया गया है और इनमें AIMIM प्रमुख और हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी द्वारा दायर एक याचिका भी शामिल है।25 अप्रैल को अपने हलफनामे में, केंद्र ने संशोधित अधिनियम का बचाव किया और संसद द्वारा पारित “संवैधानिकता के अनुमान वाले कानून” पर अदालत द्वारा किसी भी “पूर्ण रोक” का विरोध किया।”उपयोगकर्ता द्वारा वक्फ” संपत्तियों पर प्रावधान को उचित ठहराते हुए, इसने कहा कि किसी भी हस्तक्षेप से “न्यायिक आदेश द्वारा विधायी व्यवस्था” बनेगी।उपयोगकर्ता द्वारा वक्फ से तात्पर्य ऐसी प्रथा से है, जिसमें किसी संपत्ति को धार्मिक या धर्मार्थ बंदोबस्ती (वक्फ) के रूप में मान्यता दी जाती है, जो ऐसे उद्देश्यों के लिए उसके दीर्घकालिक, निर्बाध उपयोग पर आधारित होती है, भले ही मालिक द्वारा वक्फ की औपचारिक और लिखित घोषणा न की गई हो।केंद्र ने वक्फ (संशोधन) अधिनियम, 2025 को पिछले महीने अधिसूचित किया, जब इसे 5 अप्रैल को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की मंजूरी मिली। विधेयक को लोकसभा ने 288 सदस्यों के समर्थन से पारित किया, जबकि 232 सांसद इसके खिलाफ थे। राज्यसभा में इसके पक्ष में 128 सदस्यों ने मतदान किया और 95 ने इसके खिलाफ मतदान किया।
अफवाह फैलाने का आरोप : पर्यावरण मंत्री यादवनयी दिल्ली: केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने कांग्रेस पर वक्फ संशोधन अधिनियम, 2025 के बारे में अफवाह फैलाने का आरोप लगाते हुए सोमवार को कहा कि मुस्लिम समूहों और लोगों के पास वक्फ करने, उसका प्रबंधन करने और उसे विनियमित करने के अधिकार बरकरार रहेंगे।दिल्ली भाजपा कार्यालय में एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ने सामाजिक न्याय, आर्थिक विकास, पारदर्शिता और लैंगिक समानता के क्षेत्र में कई सुधार किए हैं।
‘‘बिना किसी सबूत’’ आरोप ईडी को फटकारनयी दिल्ली:5 मई (भाषा) उच्चतम न्यायालय ने शराब घोटाला मामले में एक आरोपी के खिलाफ ‘‘बिना किसी सबूत’’ के आरोप लगाने के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को सोमवार को फटकार लगाई और कहा कि यह एक चलन बन गया है।न्यायमूर्ति अभय एस ओका और न्यायमूर्ति उज्ज्वल भुइयां की पीठ छत्तीसगढ़ में कथित 2,000 करोड़ रुपये के शराब घोटाले में अरविंद सिंह की जमानत याचिका पर सुनवाई कर रही थी।
राजस्व रिकार्ड में अभियान में प्राचीन बावड़ी को संरक्षण के उद्देश्य से किया जा रहा है दर्ज
भोपाल : सोमवार, मई 5,प्रदेश में 30 मार्च से शुरू किया गया ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ नागरिकों की भागीदारी से सफलतापूर्वक चलाया जा रहा है। यह अभियान समाज के प्रत्येक तबके को महत्वपूर्ण उद्देश्य से जोड़ने में सफल रहा है। प्रत्येक जिले में जल स्रोतों की पहचान की गई है और उनके संरक्षण की दिशा में ठोस कार्य किया जा रहा है। अभियान में प्राचीन बावड़ी के इतिहास की जानकारी नागरिकों को देते हुए इसके सफाई अभियान से नागरिकों को जोड़ा गया है। यह अभियान 30 जून तक चलेगा। अभियान में जल संरचनाओं को राजस्व रिकार्ड में भी जागरूकता के साथ दर्ज किया जा रहा है
अमृत सरोवर को राजस्व रिकार्ड में किया गया दर्ज
उमरिया जिले में अम़ृत सरोवर को राजस्व रिकार्ड में दर्ज किया जा रहा है। जिले में एक मई तक 30 अमृत सरोवरों में से 20 अमृत सरोवरों को राजस्व़ रिकार्ड में दर्ज किया जा चुका है। राजस्व अभिलेख में अन्य जल संरचनाएं नहर, तालाब, चेक डेम, स्टॉप डेम इत्यादि को भी अभिलेख मे दर्ज किया गया है। इनकी संख्या 173 है। जिले में नदी, तालाबों, घाटों, कुओं के आस पास श्रमदान करके साफ-सफाई की जा रही है, वहीं दूसरी तरफ जल स्रोतों के आस-पास हुए अतिक्रमण को हटाने की भी कार्रवाई की जा रही है। तहसीलदार मानपुर ने बताया कि चितौहा, नाला डोडका, ताजिया नाला, मझखेता ग्राम पंचायत के अंतर्गत 0.185 हैक्टेयर में हुए अतिक्रमण को हटाने की भी कार्रवाई की गई।
ग्राम पंचायत नरवार व मझौली में किए गए नवीन खेत तालाब के कार्य
शहडोल जिले में जल स्रोतों के संरक्षण के काम को आंदोलन का रूप दिया गया है। जनमानस में यह संदेश दिया गया है कि “जल को बचाएं, जीवन को बचाएं”, “जब तक जल सुरक्षित है तब तक कल सुरक्षित है।” जिले की समस्त जनपद पंचायत की ग्राम पंचायतों में “जल गंगा संवर्धन अभियान” में लोग उत्साह एवं उमंग के साथ जल का महत्व समझते हुए श्रमदान कर रहे हैं। नरवार, मझौली ग्राम पंचायत में नवीन खेत तालाब के कार्य किए गए हैं। जनपद पंचायत जयसिंहनगर की ग्राम पंचायत कोठीगढ़ में नदी नालों के साफ सफाई कार्य में श्रमदान किया गया।

