
ऑपरेशन सिंदूर ने राष्ट्रीय चेतना में आक्रामक हवाई कार्रवाई को ‘उचित स्थान’ दिलाया: वायुसेना प्रमुख
हिंडन (उत्तर प्रदेश): (8 अक्टूबर) वायुसेना प्रमुख एपी सिंह ने बुधवार को कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान दुश्मन के ठिकानों पर भारतीय वायुसेना के “साहसिक और सटीक” हमलों ने राष्ट्रीय चेतना में आक्रामक हवाई कार्रवाई को उचित स्थान दिलाया है।वायुसेना प्रमुख ने यह भी कहा कि उनकी सेना ने दुनिया को यह साबित कर दिया है कि कैसे कुछ ही दिनों में सैन्य परिणामों को आकार देने में वायु शक्ति का प्रभावी ढंग से उपयोग किया जा सकता है।एयर चीफ मार्शल सिंह हिंडन एयरबेस पर 93वें वायुसेना दिवस के अवसर पर वायु योद्धाओं को संबोधित कर रहे थे। भारतीय वायुसेना (आईएएफ) की आधिकारिक स्थापना 8 अक्टूबर, 1932 को हुई थी।
रिकॉर्ड रूम को लेकर हुए नवाचार को उपयोगी तथा अनुकरणीय
जबलपुर– राजस्व विभाग के रिकॉर्ड रूम को लेकर हुए नवाचार को उपयोगी तथा अनुकरणीय बताते हुए सराहा गया। इस नवाचार ने जनसामान्य के राजस्व रिकॉर्ड देखने के अनुभव को पूर्णता: बदल दिया है। आयुक्त जनसंपर्क एवं तत्कालीन कलेक्टर जबलपुर श्री दीपक सक्सेना ने लघु फिल्म के प्रस्तुतिकरण में बताया कि जबलपुर के नवीनीकृत राजस्व अभिलेखागार का वातावरण अब बैंक के लॉकर रूम जैसा है। इस पहल से जनसामान्य के साथ रिकॉर्ड रूम के कर्मचारियों को भी गंदे-बदबूदार वातावरण से मुक्ति मिली है और वे रिकॉर्ड ढूंढ़ने की मशक्कत से मुक्त हुए हैं। परिवारों की पीढ़ियों के लिए विशेष महत्व रखने वाला यह राजस्व रिकॉर्ड न केवल अब सुरक्षित है, अपितु रिकार्ड कहां रखा है, इसके संबंध में भी पारदर्शिता आयी है और आवश्यक जानकारियां अब सभी के लिए सुलभ हैं। इसके तैयार किये गये पोर्टल पर चंद एंट्रियों से पता चल जाता है कि रिकॉर्ड किस रैक-शेल्फ-बॉक्स में किस नंबर पर रखा हुआ है। आवेदक घर बैठे भी यह जानकारी प्राप्त कर सकता है और रिकॉर्ड रूम के बाहर लगाए गए कियोस्क से भी रिकार्ड में केस की लोकेशन का पता लगा सकता है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जबलपुर प्रवास के दौरान जनसामान्य के जीवन को आसान बनाने वाले इस नवाचार की सराहना करते हुए जबलपुर जिला प्रशासन को इस पहल के लिए बधाई दी थी।आयुक्त जनसंपर्क श्री सक्सेना ने बताया कि प्राय: राजस्व विभाग के रिकॉर्ड रूम की स्थिति सभी जगह एक समान रहती है। बस्तों में दम तोड़ती फाईलों के बारे में जानकारी प्राय: कुछ बाबुओं और भृत्यों तक सीमित रहती थी। जनसामान्य को अपना ही राजस्व रिकॉर्ड नहीं मिल पाता था। इस स्थिति में बदलाव के लिए रिकॉर्ड रूम को रेनोवेट किया गया। लोहे के रैक्स की मरम्मत कर उनका रंग-रोगन और रिकॉर्ड रखने के लिए कपड़े के बस्ते की जगह प्लास्टिक बॉक्स का उपयोग किया गया। हर केस फाईल को बस्ते से निकालकर प्लास्टिक की पन्नी में रखकर प्लास्टिक बॉक्स में जमाया गया
जर्मनी के क्लब ने विचारपुर के खिलाड़ियों का प्रशिक्षण
शहडोल
जिले का ग्राम विचारपुर जो अब मिनी ब्राजील के नाम से जाना जाता है, फुटबाल खेल में यहां के युवाओं ने देश के साथ ही दुनिया भर में अपनी पहचान बनाई है। ग्राम विचारपुर की मिनी ब्राजील फुटबॉल टीम के खिलाड़ियों में फुटबॉल खेल के प्रति गहरा जुनून और उत्साह देखा जा रहा है। फुटबाल मैदान में तीन वर्ष के बच्चों से लेकर 25 वर्ष तक के युवक-युवतियों द्वारा नियमित रूप से फुटबाल खेल का अभ्यास किया जाता है। विचारपुर ग्राम के राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी सुरेश कुण्डे, फकरिया कुण्डे, तथा मुरलीधर कुण्डे ने वर्ष 1978-79 से स्थानीय युवाओं को फुटबाल खेल से जोड़ा था।शहडोल का विचारपुर जहां के फुटबॉल खिलाड़ी अपने जुनून और प्रतिभा से मध्य प्रदेश का गौरव बढ़ा रहे हैं। मिनी ब्राजील के खिलाड़ी अब जर्मनी की धरती पर नया इतिहास लिख रहें है। जर्मनी के प्रतिष्ठित क्लब Fc Ingolstadt 4 क्लब ने विचारपुर के खिलाड़ियों और कोच को 4 से 12 अक्टूबर तक कोच डाइटमार बीयर्सडॉर्फ के निर्देशन में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। खिलाड़ियों का प्रशिक्षण 12 अक्टूबर तक चलेगा। इस दौरान वे जर्मन कोच डाइटमार बीयर्सडॉर्फ के निर्देशन में आधुनिक फुटबॉल तकनीक, फिटनेस, टीम रणनीति और टैक्टिकल गेम प्लानिंग की गहन ट्रेनिंग ले रहे हैं
बिहार चुनाव के लिए आदर्श आचार संहिता के निर्देश जारी किए
PIB Delhi 08 OCT 2025भारत निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने 6 अक्टूबर, 2025 को बिहार विधान सभा के आम चुनाव के कार्यक्रम की घोषणा की इस घोषणा के साथ, चुनाव आयोग ने बिहार के मुख्य सचिव और मुख्य निर्वाचन अधिकारी को राज्य में आदर्श आचार संहिता (एमसीसी) तत्काल प्रभाव से लागू करने के निर्देश जारी किए हैं। जहां तक बिहार के लिए घोषणाओं/नीतिगत निर्णयों का संबंध है, आदर्श आचार संहिता केंद्र सरकार पर भी लागू होगी।नागरिक/राजनीतिक दल ECINET पर C-Vigil ऐप का उपयोग करके भी आदर्श आचार संहिता उल्लंघनों की रिपोर्ट कर सकते हैं। शिकायतों पर 100 मिनट के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए राज्य भर में 824 उड़न दस्ते तैनात किए गए हैं।

